बिहार के इस जिले में बनेगा 50 हजार लीटर क्षमता वाला दूध केंद्र !
बिहार के इस जिले में बनेगा 50 हजार लीटर क्षमता वाला दूध केंद्र !
भोजपुर जिले के तरारी क्षेत्र में सुधा डेयरी का 50,000 लीटर क्षमता वाला दूध शीतक केंद्र जल्द ही संचालित होने वाला है। इस सुविधा से दक्षिणी इलाके के दुग्ध उत्पादक किसानों को दूध संग्रह और विपणन में सहूलियत मिलेगी, साथ ही उन्हें बेहतर कीमत मिलने की संभावना बढ़ेगी।
तरारी (भोजपुर) में जल्द ही सुधा (कंफेड) का 50 हजार लीटर प्रतिदिन क्षमता वाला अत्याधुनिक दूध शीतक केंद्र शुरू किया जाएगा। इस परियोजना के लिए बिहटा इंडस्ट्रियल एरिया में लगभग पांच एकड़ जमीन चिन्हित की जा चुकी है और जिला प्रशासन से एनओसी भी मिल गई है।
फिलहाल भोजपुर जिले में सुधा प्रतिदिन करीब 1.50 लाख लीटर दूध 32 हजार किसानों से खरीद रही है। हालांकि तरारी के साथ-साथ रोहतास जिले के काराकाट, नासरीगंज और बिक्रमगंज क्षेत्रों में दूध को सुरक्षित रखने और बेचने की पर्याप्त सुविधा नहीं थी। इसके कारण किसानों को कई बार कम कीमत पर दूध बेचना पड़ता था या नुकसान झेलना पड़ता था।
किसानों की आय में होगा इजाफा
नया चिलिंग प्लांट चालू होने के बाद किसानों को अपने ही क्षेत्र में दूध जमा करने की सुविधा मिलेगी। दूध को तुरंत ठंडा किया जा सकेगा, जिससे खराब होने की आशंका कम होगी और परिवहन लागत भी घटेगी। इससे किसानों को बेहतर दाम मिलने की उम्मीद है।
यह केंद्र केवल दूध को ठंडा करने तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि यहां गुणवत्ता जांच, संग्रहण और वितरण की भी पूरी व्यवस्था होगी। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। दूध संग्रह, ट्रांसपोर्ट, लैब परीक्षण और पैकेजिंग जैसे कार्यों में युवाओं को नौकरी मिलने की संभावना है।
प्रशासन की तैयारी
प्रशासन के अनुसार ‘सात निश्चय पार्ट-3’ के तहत अगले दो वर्षों में जिले के सभी गांवों में दुग्ध समितियां गठित करने का लक्ष्य रखा गया है। जिले में 1215 समितियों का लक्ष्य है, जिनमें से 932 सक्रिय हैं और शेष 283 जल्द शुरू की जाएंगी। साथ ही काराकाट और बिक्रमगंज क्षेत्र में लगभग 500 नई समितियां बनाने की योजना है।
हाल में शाहाबाद दुग्ध संघ (कंफेड) के प्रबंध निदेशक धनंजय कुमार ने टीम के साथ प्रस्तावित स्थल का निरीक्षण किया। डीएम तनय सुल्तानिया के निर्देश पर आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर एनओसी जारी कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही निर्माण कार्य आरंभ होगा।