TRE 4 भर्ती: 45,000 शिक्षक पदों पर नियुक्ति, विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के लिए अलग शिक्षक !
TRE 4 भर्ती: 45,000 शिक्षक पदों पर नियुक्ति, विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के लिए अलग शिक्षक !
शिक्षक बनने की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों के लिए खुशखबरी: बिहार में TRE 4 के तहत 45 हजार से अधिक शिक्षक पदों पर भर्ती की योजना है। शिक्षा मंत्री ने बताया कि राज्य शिक्षा क्षेत्र में कितना निवेश कर रहा है।
बिहार में शिक्षा क्षेत्र में बड़े ऐलान
बिहार सरकार ने राज्य की शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। शिक्षा मंत्री **सुनील कुमार ने विधानसभा में बताया कि राज्य में शिक्षकों की बहाली लगातार जारी है और TRE 4 के तहत 45,000 से अधिक शिक्षकों की भर्ती की जाएगी। इससे पहले TRE 1.0 से 3.0 के माध्यम से एक लाख 26 हजार शिक्षकों की नियुक्ति हो चुकी है।
45 हजार से अधिक शिक्षक होंगे नियुक्त
शिक्षा मंत्री ने कहा कि राज्य में हर किलोमीटर पर प्रारंभिक और हर तीन किलोमीटर पर प्राथमिक स्कूल खोले गए हैं। 2 नवंबर 2023 को पटना के गांधी मैदान से एक लाख 23 हजार शिक्षकों को नियुक्ति पत्र दिए गए थे। TRE 4 में 45,000 से अधिक शिक्षकों की बहाली बिहार के युवाओं के लिए बड़ी खुशखबरी मानी जा रही है।
दिव्यांग बच्चों के लिए अलग शिक्षक
सात हजार से अधिक विशेष शिक्षक भी नियुक्त किए जाएंगे, जो दिव्यांग बच्चों की पढ़ाई में मदद करेंगे। पंचायत स्तर पर बहाली के तहत ढाई लाख शिक्षकों को सामान्य परीक्षा के माध्यम से बहाल किया गया। अब तक राज्य में कुल 5 लाख 87 हजार शिक्षक कार्यरत हैं, जबकि 2005 में यह संख्या डेढ़ लाख से भी कम थी।
बहाली में पारदर्शिता
शिक्षा मंत्री ने कहा कि शिक्षकों की बहाली में किसी तरह की गड़बड़ी नहीं हुई और भ्रष्टाचार की कोई शिकायत नहीं आई। कक्षा 1 से 12 तक छात्रवृत्ति दोगुनी कर दी गई है। इंटरमीडिएट प्रोत्साहन योजना से 4,67,253 छात्र लाभान्वित हुए हैं। मध्याह्न भोजन योजना के तहत 1 करोड़ 3 लाख बच्चों को भोजन दिया जा रहा है, और खराब काम करने वाले संस्थानों को निलंबित किया गया। शिक्षकों को साल में दो बार प्रशिक्षण दिया जाता है, अब तक 3 लाख शिक्षकों को प्रशिक्षित किया जा चुका है।
हर ब्लॉक में डिग्री और मॉडल कॉलेज
शिक्षा मंत्री ने बताया कि हर ब्लॉक में डिग्री और मॉडल कॉलेज खोले जाएंगे। पहले 12% बच्चे स्कूल से बाहर रहते थे, अब यह संख्या घटकर 1% हो गई है। छात्र-शिक्षक अनुपात पहले 65:1 था, अब 29:1 है, जो देश में सबसे अधिक है। महिलाओं की साक्षरता दर 2005 में 34% थी, जो 2023 में बढ़कर 74% हो गई है। 4.5 लाख छात्र स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड से उच्च शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं।
शिक्षा बजट में वृद्धि
सुनील कुमार ने बताया कि 2005 में बिहार का शिक्षा बजट 4,400 करोड़ रुपये था। अब वर्ष 2026-27 में शिक्षा बजट बढ़कर 70,000 करोड़ रुपये हो गया है, जो राज्य के कुल वार्षिक बजट का 20% है।